गोरखपुर, उत्तर प्रदेश बिहार प्रदेश के भागलपुर में एक व्यक्ति खुद को आईएएस अधिकारी बताकर अपनी टीम के साथ औचक निरीक्षण पर निकला हुआ था। उसकी टीम में नौ गनर, एक अर्दली और एक बाबू (स्टेनो बाबू) शामिल थे। इसी दौरान वहाँ के एसडीएम अचानक मौके पर पहुँच जाते हैं। जैसे ही एसडीएम आते हैं, वे बातचीत शुरू करते हुए कहते हैं, “साहब, मैंने आपको पहले कभी नहीं देखा। मैं इसी इलाके का एसडीएम हूँ। आप यहाँ क्या कर रहे हैं?”
यह सुनते ही वह कथित आईएएस अधिकारी गुस्से में आ जाता है और कहता है, “तुम्हारी हिम्मत कैसे हुई मुझसे इस तरह बात करने की?”
एसडीएम वहाँ रुकते नहीं हैं और पूछते हैं, “साहब, आपका नाम क्या है और आप किस बैच के अधिकारी हैं?”
इतना सुनते ही उस व्यक्ति का गुस्सा और बढ़ जाता है। वह आपा खो बैठता है और एसडीएम को खींचकर एक थप्पड़ मार देता है। एसडीएम कुछ कहने ही वाले होते हैं कि तभी दूसरा थप्पड़ भी पड़ता है, जिसके बाद वे बिल्कुल शांत हो जाते हैं। इसके बाद वह व्यक्ति अपनी टीम से कहता है, “चलो यहाँ से। इन लोगों ने हमारी बहुत बेइज्जती कर दी है। हम इन्हें बाद में देख लेंगे।”
यह कहकर वह वहाँ से चला जाता है। दो थप्पड़ खाने के बाद एसडीएम साहब चुपचाप वहीं बैठे रह जाते हैं। वे समझ नहीं पा रहे थे कि आखिर यह सब क्या हुआ—वह व्यक्ति कौन था, कहाँ से आया था और उसने ऐसा व्यवहार क्यों किया। वे इस घटना के बारे में किसी से कुछ कहना भी नहीं चाहते थे।
कुछ समय बीतने के बाद सच्चाई सामने आती है कि वह व्यक्ति असली आईएएस अधिकारी नहीं, बल्कि एक फर्जी था। उसने खुद को अधिकारी बताकर लगभग 2 करोड़ रुपये की ठगी की थी। इतना ही नहीं, वह शादीशुदा होने के बावजूद चार गर्लफ्रेंड्स के साथ संबंध में था। जब वह पकड़ा गया, उस समय उसकी चार में से तीन गर्लफ्रेंड्स गर्भवती थीं। यह कहानी वाकई बेहद दिलचस्प और चौंकाने वाली है।… पूरी कहानी जानने के लिए नीचे वीडियो पर क्लिक करें