करीब 52 साल की एक बुजुर्ग महिला घर-घर जाकर खाना बनाने का काम करती थी। जब भी उसे कोई नया घर मिलता, तो उसके हाथों में मौजूद चार सोने के बेहद खूबसूरत कंगन देखकर लोग उससे हमेशा एक ही सवाल पूछते—”कहां से आए तुम्हारे पास ये कंगन? किसने बनाए? यह तो बड़े महंगे होंगे।” वाकई उन कंगनों की कीमत लगभग 5 लाख रुपये के आसपास थी।
समय का पहिया आगे बढ़ता रहा और एक दिन उसके पास एक कॉल आई कि एक नए घर में काम मिल रहा है, जहाँ अच्छे पैसे दिए जाएंगे। उसे फलां जगह पहुँचने को कहा गया। जैसे ही वह महिला वहाँ पहुँची, कातिलों की नीयत उसके उन कंगनों पर आ गई। सिर्फ उन कंगनों के लालच में उस महिला का बेहद भयानक तरीके से कत्ल कर दिया गया। उसके शरीर के टुकड़े कर दिए गए और उन्हें पैक करके शातिर तरीके से ठिकाने लगा दिया गया, ताकि किसी को शक न हो। पुलिस को इस गुत्थी को सुलझाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी, लेकिन जब सच सामने आया तो हर कोई सन्न रह गया।
यह सच्ची घटना 31 अगस्त की सुबह लगभग 6:30 बजे की है। तमिलनाडु के सलेम जिले के अंतर्गत आने वाले अरिसपलायम के गुनापाला रामास्वामी स्ट्रीट पर चंडेश्वरी मंदिर के 62 वर्षीय पुजारी रमेश कुमार अपने परिवार के साथ कुंभकोणम और तंजावुर घूमकर वापस लौटे थे। घर लौटने पर उन्होंने अपनी पत्नी को कुछ काम बताया, जिसके बाद पत्नी रसोई में गईं। जैसे ही उन्होंने नल खोला, उसमें से अजीब सी और बहुत तेज दुर्गंध आने लगी। थोड़ी देर पानी बहने के बाद उसका रंग कभी मटमैला तो कभी लाल होने लगा।
घबराकर उन्होंने यह बात अपने पति रमेश को बताई। पुजारी ने जब खुद नल खोलकर पानी देखा, तो उसमें गंदगी के साथ कुछ अजीब रेशे भी दिखाई दिए। शक होने पर उन्होंने अपने बेटे को साथ लिया और सबसे ऊपर छत पर बने पानी के टैंक के पास पहुँचे। जैसे ही उन्होंने टंकी का ढक्कन खोलकर अंदर देखा, तो उनके होश उड़ गए। टंकी के अंदर प्लास्टिक की थैलियां (पॉलिथीन) रखी हुई थीं। जब उन थैलियों को बाहर निकालकर खोला गया, तो पुजारी और उनका बेटा चीख पड़े। उस पॉलिथीन के अंदर किसी महिला का सिर और शरीर के अन्य कटे हुए अंग रखे हुए थे। इस भयानक दृश्य को देखकर पूरा परिवार काँप उठा।… पूरी कहानी जानने के लिए नीचे वीडियो पर क्लिक करें….