15 अगस्त 2021 को पूरे अफगानिस्तान पर तालीबानियों का कब्जा हो गया था। जैसे ही कब्जा हो जाता है तो वहां के राष्ट्रपति अशरफ गनी मौका पाते ही देश से भाग जाते हैं। जितने भी वहां पर पूरे अफगानिस्तान के एयरपोर्ट थे, एयरबेस थे सबको बंद कर दिया जाता है ताकि ना तो कोई वहां पर कोई हवाई जहाज आ सके और ना वहां से कोई हवाई जहाज जा सके। इसलिए तालीबानों ने सिर्फ एक ही आदेश दे दिया था। एक ही बात कह दी थी कि यहां से सिर्फ वही हवाई जहाज उड़ सकते हैं। या तो वह मिलिट्री का होना चाहिए या फिर जिसको परमिशन होगी वो उड़ना चाहिए।
लेकिन लोगों में भी भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो गई थी। लोग भी डरने लगे थे कि तालीबानी कहीं उन्हें नुकसान ना पहुंचा दें। क्योंकि वो पहली सरकार का जो समर्थन कर रहे थे इसलिए अब एक अमेरिका का हवाई जहाज होता है जो काबुल के एयरपोर्ट पर टिका हुआ था। वहां से वो टेक ऑफ होने वाला था। यानी कि उड़ने वाला था। और जैसे ही वो हवाई जहाज उड़ने वाला था तो बहुत सारे लोगों को यह बात पता चल जाती है। अफगानिस्तानियों ने उस हवाई जहाज को चारों तरफ से घेर लिया। जबकि उसमें बैठने की कोई अनुमति नहीं थी। परमिशन नहीं थी। बावजूद इसके बड़ी संख्या में लोग उस पर बैठ जाते हैं। यानी कि उसके साथ दौड़ना शुरू कर देते हैं। बड़ी संख्या में लोग थे। कुछ ऐसे उसमें आदमी थे जो कि उस विमान पर जो मिलिट्री का विमान था उस पर लटक जाते हैं और जब लटक जाते हैं
तो जैसे ही वो कुछ हवा में उड़ना शुरू करता है तो जो भी लटके हुए थे वो गिर जाते हैं। इस बात की चर्चा पूरे दुनिया में हो जाती है कि कुछ लोगों में इस तरह की दहशत थी तालीबानियों के आने के बाद कि वो अपनी जान बचाने के लिए मिलिट्री के विमान से भागने की कोशिश कर रहे थे लेकिन इनको मौका नहीं मिल पाता। ऐसे ही काबुल से एक न्यूज़ है जो पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बनी हुई है। और वह न्यूज़ है एक 13 साल के लड़के की। आज की इस कहानी के माध्यम से यही जानने समझने की कोशिश करते हैं कि ऐसा क्या किया उस 13 साल के लड़के ने जो पूरी दुनिया में उसकी आज चर्चा हो रही है। पूरी कहानी जानने के लिए नीचे वीडियो पर क्लिक करें…