Crime

संदूक में लाश पैक करके पूरे शहर में घूमते रहे

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रायपुर, छत्तीसगढ़
बाजार में एक महिला और पुरुष जाते हैं। वहां जाने के बाद उन्हें एक ऐसी दुकान की तलाश थी जहां पर संदूक मिल सके। जब संदूक की दुकान मिल जाती है तो आखिरकार वहां पहुंचते हैं। दुकानदार पूछता है कि आपको कितना बड़ा संदूक चाहिए और उसमें क्या सामान रखना है? जब ऐसी बात आती है तो महिला और पुरुष हंसी-हंसी में कह देते हैं कि हमें एक लाश रखनी है। और जैसे ही लाश रखने वाली बात आती है, दुकानदार एकदम से सकपका जाता है। थोड़ा परेशान हो जाता है। बहन जी कैसी बातें कर रही हो? आप कौन हैं? तो बताया जाता है कि हम पति और पत्नी हैं।

जैसे ही पति और पत्नी वाली बात आती है तो वह दुकानदार भी हंस देता है। हंसते हुए कहता है कि साहब देखो जब से मेरठ में मुस्कान रस्तोगी ने अपने पति की हत्या करके उसे ड्रम में पैक किया है तब से जहां देखो वहां पर इसी बात की चर्चा होती रहती है कि आखिरकार यह पतियों के साथ हो क्या रहा है। लेकिन यहां पर कोई खतरे वाली बात नहीं है। आप तो खुद ही पति और पत्नी हैं। आपको वैसे कितना बड़ा संदूक चाहिए। जब ये बड़े संदूक वाली बात आती है तो संदूक दिखाए जाते हैं।

दिखाने के बाद एक संदूक समझ में आ जाता है और आखिरकार उसका जो मोलभाव होता है तो मोलभाव करने के बाद वो संदूक बिक जाता है। लेकिन जब संदूक जा रहा था तो उस व्यक्ति ने उस दुकानदार ने उस संदूक पर अपना नाम लिख दिया। नाम लिखने के बाद आखिरकार वो बिक जाता है। एक-दो दिन बीत जाते हैं। फिर पुलिस वहां पर पहुंच जाती है। एक-दो दिन के बाद पुलिस आती है और आकर कहती है कि यह संदूक, उसके फोटो दिखाए जाते हैं’ कि क्या तुम्हारी दुकान से गया है? दुकानदार कहता है कि हां साहब संदूक तो मेरे यहां से ही गया हुआ है।… पूरी कहानी जानने के लिए नीचे वीडियो पर क्लिक करें

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